न्यायलय ने सुनाई दोषी महिला को छह महीने की सजा, 2. 65 लाख का जुर्माना भी लगाया

काशीपुर में न्यायिक मजिस्ट्रेट/ द्वितीय अपर सिविल जज (जू.डि.) की अदालत ने चेक बाउंस के मामले में दोषी महिला को छह महीने की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 2,65,000 रुपये जुर्माना भी लगाया है।

मोहल्ला सिंघान निवासी निर्दोष अग्रवाल ने न्यायालय में वाद दायर कर कहा था कि विमलेश सारस्वत पत्नी विनय सारस्वत निवासी मोहल्ला सिंघान ने पारिवारिक संबंधों के चलते कई वर्ष पहले उनसे 5 लाख रुपये उधार लिए थे। काफी तकादा करने पर 15 अक्तूबर 2019 को उन्होंने ढाई लाख रुपये का चेक दिया, जो कि बैंक में लगाने पर बाउंस हो गया। चेक बाउंस होने के बाद निर्दोष अग्रवाल ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से न्यायालय में वाद दायर किया। मुकदमे के दौरान विमलेश सारस्वत ने कहा कि न तो उसने कोई रुपया लिया और न ही उसने कोई चेक दिया। वह यह बताने में असमर्थ रहीं कि उनका चेक निर्दोष अग्रवाल तक कैसे पहुंच गया जबकि चेक पर हस्ताक्षर माने हैं। इसके बाद निर्दोष अग्रवाल के अधिवक्ता ने कई नजीरें भी पेश कीबहस व तर्कों से संतुष्ट होकर न्यायालय न्यायिक मजिस्ट्रेट/ द्वितीय अपर सिविल जज (जू.डि.) आयशा फरहीन की अदालत ने आरोपी महिला को 2 लाख 65 हजार रुपये का जुर्माना तथा छह महीने के कारावास की सजा सुनाई। साथ ही आदेश में कहा कि अर्थदंड की धनराशि अदा न करने पर दो महीने का अतिरिक्त साधारण कारावास भोगना होगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *